01 मार्च, 2018

तुझे खोजें कहाँ




















27 फ़रवरी, 2018

क्यूं हो उदास


क्यूं हो उदास

सांता क्यूं हो उदास आज 
कुछ थके थके से हो 
है यह प्रभाव मौसम का 
या बढ़ती हुई उम्र का
अरे तुम्हारा थैला भी 
पहले से छोटा है 
मंहगाई के आलम  में
 क्या उपहारों का टोटा है
मनोभाव भी यहाँ 
लोगों के बदलने लगे हैं 
प्रेम प्यार दुलार सभी
धन से तुलने लगे हैं
मंहगाई का है यह प्रभाव 
या हुआ आस्था का अभाव 
न जाने कितने सवाल 
मन में उठने लगे हैं
कहाँ गया वह प्रेमभाव 
क्यूं बढ़ने लगा है अलगाव 
भाई भाई से दूर हो रहे 
अपने आप में सिमटने लगे 
क्या तुम पर भी हुआ है वार 
आज पनपते अलगाव का 
या है केवल मन का भ्रम 
या है मंहगाई का प्रभाव 
पर मन बार बार कहता है 
हैप्पी क्रिसमस मेरी क्रिसमस
आज के इस दौर में
खुशियाँ बांटे मनाएं क्रिसमस
इस कठिनाई के दौर में
तुम आये यही बहुत है 
प्यारा सा तोहफा लाए 
मेरे लिए यही अमूल्य  है |
आशा


26 फ़रवरी, 2018

हाईकू




1-ना वे आ पाए
ना मुझे आने दिया
यह क्या किया

2-चैन न पाए
मनवा को सताए
बैरन त्रिया

३-कब क्यों कहाँ
प्रश्न अनेक यहाँ
ना मिले हल

४-बुद्धि चाहती  
पर मन न लगे  
कैसे हों हल
५-है क्या जरूरी
सब कुछ हल हो
ना किया तो क्या

६-प्रश्न ही प्रश्न 
दिखाई दिए स्वप्न 
उत्तर नहीं

७-क्या आवश्यक 
सब  हल करना
ना हुए तो क्या

8-होली के रंग
खेले  प्रियतम से
उदासी दूर

आशा